
थोड़ा डूबूँगा, मगर मैं फिर तैर आऊँगा, ऐ ज़िंदगी, तू देख, मै फिर जीत जा�...


उठो तो ऐसे उठो फक्र हो बुलंदी को भी, झुको तो ऐसे झुको बंदगी भी नाज़ क�...


उठो तो ऐसे उठो फक्र हो बुलंदी को भी, झुको तो ऐसे झुको बंदगी भी नाज़ क�...


किसी को नजरों में न बसाओ, क्योंकि नजरों में सिर्फ सपने बसते हैं, बसा�...


किसी को नजरों में न बसाओ, क्योंकि नजरों में सिर्फ सपने बसते हैं, बसा�...


मेरा बस चले तो मैं आपको काजल लगा के देखूं, कही आपको मेरी नजर ना लग जा�...


तेरी हर अदा मोहब्बत सी लगती है, पल भर की जुदाई सदियों सी लगती है, पता �...


आईना देखोगे तो मेरी याद आएगी, साथ गुज़री वो मुलाकात याद आएगी, पल भर क...


किसी को नजरों में न बसाओ, क्योंकि नजरों में सिर्फ सपने बसते हैं, बसा�...


तेरी हर अदा मोहब्बत सी लगती है, पल भर की जुदाई सदियों सी लगती है, पता �...


मेरा बस चले तो मैं आपको काजल लगा के देखूं, कही आपको मेरी नजर ना लग जा�...


तुम्हारा इस कदर असर हुआ है मुझ पर आजकल बिना वजह मुस्कुराने लगता हूं...


थोड़ा डूबूँगा, मगर मैं फिर तैर आऊँगा, ऐ ज़िंदगी, तू देख, मै फिर जीत जा�...


तुम्हारा इस कदर असर हुआ है मुझ पर आजकल बिना वजह मुस्कुराने लगता हूं...


किसी को नजरों में न बसाओ, क्योंकि नजरों में सिर्फ सपने बसते हैं, बसा�...


किसी को नजरों में न बसाओ, क्योंकि नजरों में सिर्फ सपने बसते हैं, बसा�...


हर रोज़ गिरकर भी मुकमल खड़े है, ए जिंदगी देख मेरे होंसले तुझसे भी बड़े ह...


तुम्हारा इस कदर असर हुआ है मुझ पर आजकल बिना वजह मुस्कुराने लगता हूं...


तेरी हर अदा मोहब्बत सी लगती है, पल भर की जुदाई सदियों सी लगती है, पता �...


मेरा बस चले तो मैं आपको काजल लगा के देखूं, कही आपको मेरी नजर ना लग जा�...
